Universe

ब्रह्मांड में अबतक के खोजे गये 10 सबसे बड़े ग्रह (10 Largest Planet in the Universe in Hindi)

बृहस्पति से भी आकार में कई गुना बडें हैं यह ग्रह , क्या आप इनके बारे में जानते हैं ?

Largest planet in the universe –  ब्रह्मांड के सबसे बड़े ग्रह

हम सब पृथ्वी पर रहते हैं | पृथ्वी हमारा घर है और पूरे सौर-मंडल मेँ पृथ्वी जैसा दूसरा कोई और रहने लायक ग्रह अब तक तो नहीं हैं | प्राचीन काल से इंसान सूर्य को सबसे बड़ा खगोलीय पिंड मानता था | परंतु बाद में अंतरिक्ष विज्ञान के विकास के चलते हमने कई सारी दूसरी सौर-मंडल का आविष्कार किया | अंतरिक्ष मेँ हमारे सौर-मंडल के भांति कई दूसरे और सौर-मंडल मौजूद हैं | इन सभी सौर-मंडलों मेँ कई सारे ग्रह और नक्षत्र मौजूद हैं | खैर मैंने इस से पहले पृथ्वी के अलावा 5 अन्य रहने लायक ग्रहों के बारे में जिक्र किया था | परंतु आज मेँ आपको ब्रह्मांड में मौजूद 10 सबसे बड़े ग्रहों (largest planet in the universe) के बारे मेँ बताऊंगा |

क्योंकि अगर आप इन 10 सबसे बड़े ग्रहों के बारे मेँ (largest planet in the universe) जान लेते हैं तो , आप अंतरिक्ष का एक दूसरा पहलू भी जान पाएंगे| मित्रों! मेँ आपको यहाँ बता दूँ की , यह 10 सबसे बड़े ग्रह (largest planet in the universe) हमारे पृथ्वी से कई बहुत ही दूर हैं , तो कई थोडा पास मेँ हैं | इसलिए एक-एक करके में आपको इन ग्रहों के बारे में बताऊंगा |

खैर आगे बढ्ने से पहले मेँ आपको और एक बात बता दूँ की , हाल ही में मैंने NASA और ROSCOSMOS के विषय पर एक अनोखा लेख लिखा हैं | अगर आप चाहें तो उसपर भी आप एक नजर डाल सकते हैं |

तो, चलिए बिना किसी देरी के ब्रह्मांड के 10 सबसे बड़े ग्रहों (largest planet in the universe) के बारे मेँ जानते हैं |

ब्रह्मांड के 10 सबसे बड़े ग्रह – 10 Largest Planet in the Universe in Hindi.

मित्रों! मेँ यहाँ आपके जानकारी के लिए बता दूँ की नीचे दिए गए ग्रहों की सूची मेँ ग्रहों के आकार को ले कर आप कोई भी अनुमान न लगाएगा और नहीं यह आकार के अनुसार किसी भी क्रम मेँ हैं | तो, लेख के इस भाग को ध्यान से पढिए |

1. केप्लर 1647बी – Kepler 1647b :-
A beautiful photo of kepler 1647 |
केप्लर 1647 की फोटो | Credit: News bharati.

 

इसको Kepler Curve के माध्यम से पता लगाया गया | यह हमारे सौर-मंडल मेँ मौजूद बृहस्पति की तरह एक Gas Giant है | यह अपने सौर-मंडल मेँ मौजूद तारे को 1107 दिनों मेँ पूर्ण रूप से परिक्रमा कर लेता हैं | यह ब्रह्मांड मेँ मौजूद सबसे बड़े ग्रहों के सूची मेँ (largest planet in the universe) 9वा सबसे बड़ा ग्रह हैं |

केप्लर 1647बी (Kepler 1647b) उर्फ केप्लर 1647 (एबी)बी (Kepler 1647 AB-b) एक सर्कमबाइनारी एक्सोप्लानेट (circumbinary exoplanet) हैं | यह मुख्य रूप से Kepler 1647 नाम के तारों के समूह की परिक्रमा कर रहा हैं | Kepler 1647b पृथ्वी से 3,700 प्रकाश वर्ष के दूरी पर हैं | इसको साल 2016 में सबसे पहले अमेरिकी खगोलीय संस्थान के द्वारा खोजा गया था | उस समय इस को खोजने के लिए Transit Method का इस्तेमाल किया गया था | इसीलिए यह ब्रह्मांड मे खोजे गए बृहत ग्रहों मेँ से सबसे नूतन हैं | 2012 मेँ इस ग्रह के बारे में सबसे पहले वैज्ञानिकों को पता चला था | इसलिए 2012 से ले कर 2016 तक काफी मेहनत के बाद इस ग्रह की सही तरीके से पुष्टि हो पाइ|

तो, दोस्तों आपको इस ग्रह के बारे में क्या लगता हैं ? क्या आप इसे एक बार अपने जीवन काल मेँ देखना चाहेंगे ?

2. वास्प 17बी – WASP 17b :-

वास्प 17बी (WASP 17b) स्कोर्पियन तारा मंडल मेँ मौजूद एक एक्सो-प्लानेट हैं | यह WASP-17 नाम के तारे की परिक्रमा करता हैं | इस ग्रह को 11 अगस्त 2009 मेँ सबसे पहले खोजा गया था | मित्रों मेँ आपको यहाँ इस ग्रह से जुड़ी एक अनोखी बात बताता हूँ | यह ग्रह एक ऐसा ग्रह हैं , जिसकी अपने अक्ष मेँ घूमने की दिशा इस के तारे के अक्ष पर घूमने की दिशा से मेल खाता हैं |

यहाँ पर एक बात पर गौर करें तो आप जान पाएंगे की , इस ग्रह की वजह से वैज्ञानिक अंतरिक्ष मे मौजूद इस प्रकार के अनोखे ग्रहों के  बारे में जान पाएँ |

यह तो था मित्रों वास्प 17बी , तो अब चलिए ब्रह्मांड मेँ मौजूद 10 सबसे बड़े ग्रहों की इस (largest planet in the universe) सूची में आगे बढ़ कर अन्य ग्रहों के बारे में जानते हैं |

3. टीआरईएस 4बी – TrES 4b :-
Amazing planet - TrES 4b.
TrES 4b की एक photo | Credit: B bot.

मित्रों! विज्ञान बहुत ही बड़ी अजूबा हैं | मनुष्य आज विज्ञान के बदौलत कुछ भी कर सकता हैं | यकीन नहीं आता तो आप TrES 4b की ही बात कर लीजिए | यह एक ऐसा ग्रह है जो की काफी खोज-बिन के बाद मिला हैं | दुनिया भर के वैज्ञानिकों के मेहनत का फल हैं यह ग्रह | खैर चलिए इस के बारे में और जानते हैं |

इस ग्रह के बारे में सबसे पहले 2006 मेँ पता लगाया गया था | परंतु सटीक तथ्यों से अभाव से इसे 2007 मे ग्रह की स्वतंत्र मान्यता मिली | इसको Trans-Atlantic planet Survey ने 2007 मे ग्रह की मान्यता प्रदान किया | हमारे पृथ्वी से यह 1,400 प्रकाश वर्ष के दूरी पर हैं और GSC 02620-00648 नाम के तारे की परिक्रमा कर रहा हैं | TrEs 4b हरक्युलस नाम के तारा मंडल का हिस्सा हैं |

इस ग्रह की अनोखी बात में आपको यहाँ बताता हूँ | यह पूरे ब्रह्मांड मेँ मौजूद एक ऐसा ग्रह हैं , जो की अपने नक्षत्र को मात्र 3.45 दिनों मेँ पूर्ण रूप से परिक्रमा कर लेता हैं | जी हाँ ! मात्र 3.45 दिनों में | यह बृहस्पति से 0.919 गुना बड़ा है और इसका व्यास बृहस्पति से 1.7999 गुना बड़ा हैं , जो की एक बहुत ही अनोखी बात है | इसके अलावा इस ग्रह की औसतन घनत्व 0.33 प्रति क्यूबिक सेंटीमीटर हैं | जो की इसे और भी खास बना देता हैं |

मित्रों ! मेँ आपको यहाँ और भी बता दूँ की मैंने इस से पहले Black-hole और Supernova जैसे अंतरिक्ष के करिश्मों के बारे मे भी बहुत कुछ लिखा हैं | तो, अगर आपको इन विषयों के बारे मे मजेदार व ज्ञानवर्धक बातों को जानना हैं तो , इन्हीं विषयों पर भी एक नजर डाल सकते हैं |

4.वास्प 12बी – WASP 12b :-

वास्प 12बी (WASP 12b) WASP 12 तारे को परिक्रमा करने वाला एक एक्सो प्लानेट हैं | इसको सबसे पहले अप्रैल 1 , 2008 मे खोजा गया था | इस ग्रह के बारे मेँ एक अनोखी बात यह हैं की , यह अपने तारे के बहुत निकट स्थित हैं | इसलिए यह ब्रह्मांड मेँ मौजूद सबसे कम घनत्व वाला ग्रह भी हैं | इसके अलावा आपको जानकार हैरानी होगी की यह अपने तारे को मात्र 1 दिन (earth 365 days) के अंदर ही पूर्ण रूप से परिक्रमा कर लेता हैं | मात्र! 1 दिन | वाह ! क्या बात हैं | इसका आकार हमारे बृहस्पति के समान ही हैं |

5. हाट पी 1बी – HAT P 1b :-

हाट पी 1 बी (HAT P 1b ) नाम का यह ग्रह सूर्य के आकार के समान तारा HAT P 1 की परिक्रमा कर रहा हैं | यह ADS 16402 नाम के तारा मंडल का हिस्सा हैं | यह पृथ्वी से 530 प्रकाश वर्ष के दूरी पर हैं | इस ग्रह को काफी अध्ययन के बाद ही ग्रह के हिसाब से पुकारा गया |

मेँ आपको यहाँ और भी बता दूँ की HAT P 1b एक ऐसा ग्रह है , जिसका घनत्व बहुत ही कम हैं | इसी कारण से इस ग्रह की वजन तो उतना नहीं हैं, परंतु ज़्यादातर गैस से बने होने के कारण इसका आकार बहुत ही बड़ा हैं | यहाँ आप कह सकते हैं की इसका आकार बृहस्पति के आकार से दो गुना हैं | जी हाँ! पूरा दो गुना | यह इस सूची मेँ पाँचवाँ सबसे बड़ा ग्रह हैं (largest planet in the universe) |

अगर आपको कहा जाए की ब्रह्मांड का सबसे बड़ा गैस जायंट वाले ग्रह का नाम बताओ | तो, आप इस ग्रह को भी अपने जबाव के तौर पर ले सकते हैं |

तो, चलिए सूची मेँ आगे बढ़ते हुए और 5 ग्रहों के बारे मेँ भी जान लेते हैं |

6. कप्पा आंड्रोमेडी बी – Kappa Andromedae b :-
Most unique exoplanet - kappa andromedae.
कप्पा आंड्रोमेड़ाए की एक फोटो | Credit: the daily galaxy.

यह जो ग्रह हैं दोस्तों , यह ब्रहंन्द मेँ मौजूद विशाल ग्रहों की सूची में (largest planet in the universe) सबसे आगे के हिस्से मेँ आते हैं | यह हमारी सबसे करीबी आकाशगंगा अद्रोमेदा आकाशगंगा मेँ मौजूद हैं | खैर आकाशगंगा से याद आया की मैंने इस से पहले हमारी आकाशगंगा मिल्कीवे के विषय पर काफी सारी रोचक बातें लिखा हैं | तो, आप चाहें तो उस लेख को भी एक बार जरूर देख सकते हैं | खैर अब विषय पर आते हैं |

Kappa Andromedae b नाम का यह ग्रह पृथ्वी से मात्र 170 प्रकाश वर्ष की दूरी पर हैं | इसलिए अगर आप इसे नजदीकी सबसे बड़ा ग्रह भी कहें तो कोई गलती नहीं होगी | इसको सबसे पहले Subaru Telescope के माध्यम से ढूंढा गया था | इसलिए इस को आमतौर पर आप अंतरिक्ष मेँ किसी भी अच्छे दूरबीन से देख सकते हैं | यह ग्रह बृहस्पति से 12 से 16 गुना ज्यादा बड़ा हैं |

आकार मेँ ज्यादा बड़ा होने के कारण वैज्ञानिक पहले इसे एक नक्षत्र मानते थे , परंतु बाद मेँ ज्यादा खोजबीन के बाद इसे एक ग्रह के रूप मेँ मान्यता मिला | अगर हम इस ग्रह को पृथ्वी के आकार से तुलना करें तो , Kappa Andromedae b मेँ करीब-करीब 5 लाख पृथ्वी आसानी से समा जाएंगे |

तो, आप अभी मेरे को यह बताइए की , क्या आप ने इस से पहले इतने बड़े ग्रह के बारे में सुना था ? कॉमेंट मेँ जरूर बताइएगा |

7 . केप्लर 39बी – Kepler 39b :-

केप्लर 39बी (Kepler 39b) एक प्रकार का एक्सो सोलर प्लानेट हैं , जो की Kepler 39 नाम के तारे का परिक्रमा कर रहा हैं | इस ग्रह का वजन बृहस्पति से 18 गुना ज्यादा बड़ा हैं | इस ग्रह को यूरोपीय अंतरिक्ष संस्थान ने साल 2010 मेँ ढूंढा था | इस ग्रह का अपने तारे से दूरत्व पृथ्वी और सूर्य के दूरी मेँ से 15% ही हैं |

इसके अलावा इस ग्रह के साथ-साथ Kepler 40b नाम के एक दूसरे ग्रह को भी वैज्ञानिकों ने ढूंढ कर निकाला हैं | मित्रों! मेँ आपको और भी बता दूँ की इस ग्रह को KOI-423b कहा जाता हैं , क्योंकि इस ढूँढने के समय वैज्ञानिकों ने इस ग्रह को यह नाम दिया था | तो, आपको इस ग्रह के बारे में क्या लगता हैं? कभी जाना चाहेंगे इस ग्रह पर अगर आपको मौका मिले तो ?

8. एचडी 100546 बी – HD 100546b :-
largest and nearest planet in the universe.
एचडी 1105 की एक फोटो | Credit: you tube.

ब्रह्मांड मेँ मौजूद सबसे बड़े ग्रहों की (largest planet in the universe) सूची मेँ अब बारी आती हैं HD 100546b की | आपको यहाँ जानकर झटका लगेगा की यह एक ऐसा ग्रह है , जिसका की कोई आकार नहीं हैं | जी हाँ , वैज्ञानिकों की माने तो इस का आकार करीब-करीब 6.9 RJ (डिस्क की आकार को ले कर ) हैं | परंतु सही तरीके से इतने बड़े आकार की ग्रह की सटीक आकार को मापना एक बहुत बड़ी चुनौती हैं |

खैर अंतरिक्ष मेँ एक कहावत हमेशा से ही चलता हैं और वह कहावत है की ,हर एक चीज़ का अंत जरूर होता हैं सिबाए ब्रह्मांड को छोड़ कर | वैज्ञानिकों ने काफी मेहनत के बाद इसी आकार की तुलना बृहस्पति के आकार से किया हैं | यह ग्रह बृहस्पति से 50 से 150 गुना ज्यादा बड़ा हैं | यह हमारे सूची मेँ दूसरा सबसे बड़ा ग्रह हैं |

वाकई मेँ अंतरिक्ष तो सच मेँ काफी सारे अजूबों से भरी हुई हैं | आपका इस के बारे में क्या ख्याल हैं ?

9. डेनिस पी जे082303.1 491201 बी – DENIS P J082303.1 491201 b :-
most warmest planet in the universe.
दुनिया का सबसे गरम ग्रह | Credit: wikipedia.

Brown Dwarf से भी परिचित यह ग्रह वेला तारामंडल का हिस्सा हैं | अगर मेँ इसकी आकार की बात करूँ तो , यह ग्रह अब तक का खोजा गया ब्रह्मांड का सबसे बड़ा ग्रह हैं | इसकी आकार पृथ्वी से 1.1 (10.1 लाख ) Million गुना बड़ा हैं | इस ग्रह की आकार के कारण इस पर वैज्ञानिकों से काफी सारे शोध भी किया |

तो, बिना किसी दुविधा के यह ग्रह हमारे सूची मेँ सबसे पहले नंबर पर आता हैं | खैर अब बचे और एक ग्रह के बारे मेँ भी जान लीजिए |

10. केंक्री 55 इ – Cancri 55 e

इस ग्रह को साल 2004 मेँ सबसे पहले खोजा गया था | इस ग्रह की एक विशेषता यह है की , पूरे ग्रह के सतह पर हमेशा लाभा बहता रहता हैं | लाभा बहने के कारण इस ग्रह की सतह बहुत ही ज्यादा गरम और काफी ज्यादा उमस से भरी हुई होती हैं | अगर इस ग्रह की आकार को पृथ्वी से तुलना करें तो , केंक्री 55 ई पृथ्वी से दस गुना ज्यादा बड़ा हैं |

इसके अलावा यह ग्रह ऑक्सिजन से न बनकर मूल रूप से कार्बन से बनी हुई हैं | इसी कारण से इस ग्रह के ऊपर कई सारे वैज्ञानिक अभी भी शोध कर रहें हैं |

मित्रों! और एक गज़ब की बात आपको इस ग्रह मेँ देखने को मिलेगा | मुख्य रूप से कार्बन से बने होने के कारण इस ग्रह के केंद्र मेँ कार्बन अत्यधिक दबाव के चलते हीरे मेँ भी परिवर्तित हो सकता हैं | कई सारे वैज्ञानिक यह भी मानते हैं की इस का Core एक बृहतकाया हीरे के रूप मेँ मौजूद हैं , जो की हमारे पृथ्वी से भी बड़ा हो सकता हैं | जी हाँ ! आपने सही सुना , एक पृथ्वी से भी बड़े आकार का हीरा |

खैर आपको इस ग्रह के बारे में क्या लगता हैं ?

Bineet Patel

मैं एक उत्साही लेखक हूँ, जिसे विज्ञान के सभी विषय पसंद है, पर मुझे जो खास पसंद है वो है अंतरिक्ष विज्ञान और भौतिक विज्ञान, इसके अलावा मुझे तथ्य और रहस्य उजागर करना भी पसंद है।

Related Articles

Back to top button